Friday, 21 August 2020

ध्यान योग शिक्षा संस्कार का संगम है स्वामी आनंदगिरी जी का जन्मदिन : रोशनी लाल


अन्तराष्ट्रीय योग गुरु आनंद गिरी जी के जन्मदिन पर कई प्रकार के आयोजनों के बीच खबर आ रही है कि ऑस्ट्रेलिया में विभिन्न जगहों में हवन पूजा व केक काटकर स्वामी आनंद गिरी जी का जन्मदिन धूमधाम से मनाया जा रहा है । ऑस्ट्रेलिया निवासी रोशनी लाल ने जन्मदिवस पर जरूरतमंदों को दान पुण्य कर गुरु जी के वचनों को याद करते हुए कहा कि सनातन धर्म यही उपदेश देता है कि हम सेवानीति पर चलें बिना किसी भेदभाव के पूरे विश्व को अपना परिवार समझे , ऊंच नीच की कही कोई बात न हो परस्पर प्रेम सौहार्द व नेकी व सच्चाई की बात हो , यही सीख हमे पूज्य गुरु जी द्वारा उनके ऑस्ट्रेलिया प्रवास के दौरान मिलती है, साथ भारत भ्रमण पर भी गुरु जी का सानिध्य प्राप्त होता है । बता दें कि रोशनी लाल सनातन धर्म के प्रति अटूट विश्वास रखती हैं , व गुरु जी पर अटूट विश्वास रखने वाली ऑस्ट्रेलियन भक्तों में शुमार हैं , कई सामाजिक संगठनों द्वारा सामाजिक कार्यों के लिए सम्मानित हुई हैं , और सभी जरूरतमंदों को भरपूर मदद करती हैं , वो व उनका सम्पूर्ण परिवार स्वामी आनंद गिरी जी के जन्मदिन पर सभी भक्तों को शुभकामनाये देते हुए देखे जा सकते हैं । ऑस्ट्रेलिया में सनातन धर्म प्रचारक पण्डित देवेंद्र शर्मा जी ने कहा कि गुरु जी जब जब ऑस्ट्रेलिया आते हैं तो हम सभी सनातन धर्मियों का सीना चौड़ा होता है। उनके उपदेशों व सुनाई कथाओं से न सिर्फ भारतीय मूल के लोग बल्कि ऑस्ट्रेलियन समाज भी आसानी से सनातन धर्म को नजदीक से समझता है । आनंद गिरी जी पूज्य गुरु देव नरेंद्र गिरी जी महाराज के प्रिय शिष्य व प्रयागराज स्थित लेटे हुए हनुमान मंदिर के प्रमुख्य व्यवस्थापक व अन्तराष्ट्रीय धर्म प्रचारक व योग गुरु के रूप में जाने जाते हैं , भारत मे युवाओं के सनातन धर्म यूथ आइकन के रूप में आनंद गिरी जी विख्यात हैं । 
आइये जानते हैं लेटे हुए हनुमान जी की महिमा उत्तर प्रदेश के प्रयागराज में हनुमान जी की प्रतिमा वाला एक छोटा किन्तु प्राचीन मंदिर है। यह एकमात्र मंदिर है जिसमें हनुमान जी लेटी हुई मुद्रा में हैं। यहां पर स्थापित हनुमान जी की प्रतिमा 20 फीट लम्बी है। संगम किनारे बना ये एक अनूठा मन्दिर है, जहां हनुमानजी की लेटी हुई प्रतिमा को पूजा जाता है। ऐसी मान्यता है कि संगम का पूरा पुण्य हनुमान जी के इस दर्शन के बाद ही पूरा होता है।
 प्रयागराज अब  सनातन धर्मियों का विशेष स्थान माना जाने लगा है कुम्भ के मेले में पूरे संगम पर सनातन धर्म का प्रचार प्रसार बहुत ही शालीनता से आनंद गिरी जी महाराज के सानिध्य में चलता है । देश विदेश से आने वाले भक्तों व पर्यटकों को स्वामी जी द्वारा विशेष सुविधा दी जाती है ।

Wednesday, 19 August 2020

मानव सिर्फ मानव के लिए जिये यही मानवता नही, मानवता जगत कल्याण में है जहां प्रकृति, पशु ,पक्षी भी सुखी रहें : दंडी स्वामी हँसआश्रम



स्वर्ण भारत परिवार के संरक्षक पूज्य गुरु दंडी स्वामी हँसआश्रम जी ने आज स्वर्ण भारत परिवार सहित अन्य सामाजिक लोगो को संबोधित करते हुए कहा हम हर साल 19 अगस्त को विश्व मानवतावादी दिवस के रूप में मनाते हैं । 

यह दिन उन लोगों की याद में मनाया जाता है, जो रियल लाइफ हीरो (#reallifeheroes) होते हैं, यानी ऐसे लोग जो कठिन से कठिन परिस्थितियों में भी लोगों की मदद करने में अपना जीवन व्यतीत करते हैं। विश्व स्तर पर मानवता या मानवीय उद्देश्यों के कारण दूसरों की मदद के लिए अपनी जान भी गंवा देने को तैयार रहते हैं।इस मौके पर  स्वर्ण भारत परिवार के राष्ट्रीय अध्यक्ष ने भी  अन्य देशों के अपने एम्बेसडर को संबोधित कर रहे है जिसमे ट्रस्ट के हज़ारों लोग भाग ले रहे हैं ।सभी पदाधिकारियों को भी सम्मानित किया जा रहा है । 

इस साल हम 11वां विश्व मानवतावादी दिवस (World Humanitarian Day 2020) मना रहे हैं और ऐसे समय में जब दुनिया कोरोनावायरस महामारी से लड़ रही है, हमारे मानवतावादी (Humanitarians) अभी भी इन कठिन समय के दौरान जरूरतमंद लोगों की मदद कर रहे हैं। 63 देशों में संकट में फंसे लोगों की मदद के लिए अभूतपूर्व बाधाएं पार करके मानवीय कार्यकर्ता आगे आ रहे हैं और साथ दे रहे हैं। ऑस्ट्रेलिया से रोशनी लाल जी ने क्या है विश्व मानवतावादी दिवस  का इतिहास / महत्व (What is the History of World Humanitarian Day),  19 अगस्त को ही क्यों मनाया जाता है विश्व मानवतावादी दिवस ? इन प्रश्नों का जवाब देते हुए कहा विश्व मानवता दिवस पहली बार संयुक्त राष्ट्र महासभा द्वारा मनाया गया, इसके लिए वर्ष 2008 में  A/46/L.49 प्रस्ताव पारित किया गया था। इस प्रस्ताव को स्वीडन ने प्रायोजित किया था। दरअसल, आज से 17 साल पहले इराक की राजधानी बगदाद में आज के दिन यानी 19 अगस्त, 2003 को संयुक्त राष्ट्र मुख्यालय पर हमला किया गया था। इस हमले में संयुक्त राष्ट्र मुख्यालय के 22 सहकर्मी मारे गए थे, जिनमें इराक में UNO महासचिव के विशेष प्रतिनिधि सर्जियो विएरा डी मेलो की भी बम विस्फोट के कारण मृत्यु हो गयी। इसके बाद से  19 अगस्त को विश्व मानवता दिवस के रूप में मनाने का फैसला किया गया।  

स्वर्ण भारत की प्रदेश अध्यक्ष अजिता सिंह व सीमा मिश्र ने हम इस साल कैसे celebrate करने जा रहे हैं? (How we are going to celebrate this year?) इसकी जानकारी दी 19 अगस्त, 2020 को, #RealLifeHeroes के साथ एक global campaign होने जा रहा है, जिसमें इन Real Life Heroes ने अपनी जान की परवाह किये बिना जोखिम उठाये और कठिन परिस्थितियों के दौरान औरों की मदद की, उनके लिए THANK YOU के साथ इस मानवीयता का जश्न मनाया जा रहा है।

प्रवक्ता संतोष पांडेय प्रदेश सचिव नीरज पांडे व विधि सलाहकार रंजीत पांडेय की अगुवाई में यह अभियान उन मानवतावादियों की कहानियों को प्रस्तुत करेगा जो दुनिया को प्रेरित कर रहे हैं और इस बीमारी का इलाज और रोकथाम कर रहे हैं, महिलाओं और लड़कियों को लॉकडाउन में सुरक्षित आश्रय प्रदान करना, कमजोर लोगों को भोजन देना, शरणार्थी शिविर चलाना और इस महामारी की स्थिति में सभी जब हर कोई घर रहना पसंद कर रहा था। इस अभियान के साथ, यह दिन वास्तविक नायकों के जीवन का जश्न मनाने के लिए प्रेरित करेगा, जो दूसरों को आगे आने के लिए प्रेरित करेगा और इसे उन लोगों की मदद करेगा, जिन्हें इसकी आवश्यकता है।स्वर्ण भारत परिवार भी अपने द्वारा चयनित 20 वर्ल्डस टॉप 20 हीरोज को अभिनंदन  सम्मान प्रदान करेगा ।

Friday, 14 August 2020

राष्ट्र की आज़ादी के बाद अगली लड़ाई आर्थिक आज़ादी की : पीयूष पण्डित


स्वर्ण भारत परिवार ने आज़ादी की पूर्व संध्या पर आयोजित कार्यक्रम में आर्थिक आज़ादी व समानता के मुद्दों पर चर्चा की जिसमे राष्ट्रीय प्रवक्ता संतोष पांडेय सहित, डॉक्टर सीमा मिश्र , अजिता सिंह, रंजीत पांडेय, नीरज पांडेय , मनीष पटेल , विपिन जायसवाल, गगनदीप त्रिपाठी, अंजू पंडित व सभी जिलाध्यक्षों ने ऑनलाइन कार्यक्रम से जुड़े इस मौके पर ऑस्ट्रिलिया से संरक्षक रोशनी लाल ने कहा आर्थिक असमानता बढ़ने की वजह से भारत में राजनीतिक पार्टियों, न्यायालयों, विश्वविद्यालयों, मीडिया समेत तमाम संस्थाओं पर कुछेक परिवारों का कब्जा होता चला जा रहा है. इससे जनता का लोकतंत्र पर भरोसा कम हो रहा है.पीयूष पण्डित ने स्विटजरलैंड के दावोस में आयोजित होने वाली वर्ल्ड इकोनॉमिक फोरम की सालाना बैठक में इस बार भी दुनियाभर में बढ़ रही आर्थिक असमानता पर गंभीर चर्चा हुई. लेकिन इस बार की बैठक की एक खास बात यह रही कि इसमें भारत में आर्थिक असमानता पर विशेष चर्चा हुई.

आर्थिक असमानता का अध्ययन करने वाली संस्था, ऑक्सफैम इंटरनेशनल की कार्यकारी निदेशक विनी बेयानिमा ने इस बैठक में अपने संस्थान की सालाना रिपोर्ट ‘पब्लिक गुड, प्राइवेट वेल्थ’ के आधार पर बताया कि किस तरह भारत में असमानता अपने चरम पर पहुंचती जा रही है. यहां एक तरफ गरीब अपने लिए दो बार की रोटी और बच्चों के लिए आवश्यक दवाओं तक का इंतजाम नहीं कर पा रहे हैं, वहीं कुछ अमीरों की संपत्ति में बेहताशा वृद्धि हो रही है.

विनी बेयानिमा ने अपने भाषण में यह तक कह डाला कि ‘अगर भारत सरकार ने समय रहते देश के एक प्रतिशत अमीरों और नीचे के 50 प्रतिशत गरीबों के बीच बढ़ रही आर्थिक असमानता की खाई को कम करने के लिए कदम नहीं उठाए तो भारत का सामाजिक और राजनीतिक ढांचा चरमरा जाएगा.

सामाजिक सन्दर्भों में समानता (equality) का अर्थ किसी समाज की उस स्थिति से है जिसमें उस समाज के सभी लोग समान (अलग-अलग नहीं) अधिकार या प्रतिष्ठा (status) रखते हैं। सामाजिक समानता के लिए 'कानून के सामने समान अधिकार' एक न्यूनतम आवश्यकता है जिसके अन्तर्गत सुरक्षा, मतदान का अधिकार, भाषण की स्वतंत्रता, एकत्र होने की स्वतंत्रता, सम्पत्ति अधिकार, सामाजिक वस्तुओं एवं सेवाओं पर समान पहुँच (access) आदि आते हैं। सामाजिक समानता में स्वास्थ्य समानता, आर्थिक समानता, तथा अन्य सामाजिक सुरक्षा भी आतीं हैं। इसके अलावा समान अवसर तथा समान दायित्व भी इसके अन्तर्गत आता है। 5 अगस्त 1947 की मध्यरात्रि को पंडित जवाहर लाल नेहरू ने अपने भाषण 'ट्रिस्ट वीद डेस्टिनी' के साथ ब्रिटिश शासन से भारत की आजादी की घोषणा की। और 15 अगस्स्त को राष्ट्रीय अवकाश भी घोषित किया गया। तब से हर साल 15 अगस्त को भारत का स्वतंत्रता दिवस मनाया जाता है। इस वर्ष 15 अगस्त 2020 को भारत अपना 74वां स्वतंत्रता दिवस 2020 मना रहा है। पूरी दुनिया में कोरोनावायरस महामारी का प्रकोप लगातार जारी है, जिसकी वजह से देश पर आर्थिक संकट भी है। इसलिए भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने स्वतंत्रता दिवस 2020 की थीम 'आत्मनिर्भर भारत-स्वतंत्र भारत रखी है। इस वर्ष स्वतंत्रता दिवस पर पीएम मोदी का भाषण ऑनलाइन प्रसारित किया जाएगा, पीएम मोदी दिल्ली के लाल किले पर केवल झंडा फहराने के लिए जाएंगे। 14 अगस्त को रात्री में भारत के राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद देश के नाम संबोधन में स्वतंत्रता दिवस पर भाषण देंगे। 15 अगस्त स्वतंत्रता दिवस पर भाषण, स्वतंत्रता दिवस पर निबंध और स्वतंत्रता दिवस पर लेख लिखे और पढ़े जाते हैं। स्वतंत्रता दिवस पर भाषण प्रतियोगिता, स्वतंत्रता दिवस पर निबंध प्रतियोगिता, स्वतंत्रता दिवस पर लेख प्रतियोगिता और स्वतंत्रता दिवस पर कविता प्रतियोगिताएं आयोजित की जाती है युवाओं को आज़ादी का महत्व समझाते हुए स्वर्ण भारत परिवार के राष्ट्रीय अध्यक्ष पीयूष पण्डित ने कहा कि दरअसल, जब धन और संपत्ति अत्यधिक मात्रा में कुछेक व्यक्तियों के पास एकत्रित हो जाती है, तो उनकी आने वाली पीढ़ियां आमदनी के लिए, उस संपत्ति पर मिलने वाले किराया ब्याज पर निर्भर हो जाती है, जिससे वो कोई नया इन्वेस्टमेंट नहीं करतीं. जब इन्वेस्टमेंट नहीं होगा, तो नयी नौकरियां नहीं पैदा होंगी और बेरोजगारी बढ़ेगी. बेरोजगारी बढ़ने के सैकड़ों दुष्प्रभाव हैं. इस तरह की अर्थव्यवस्था को किराए की अर्थव्यवस्था कहा जा रहा है, जहां लोग अपने मेहनत की बदौलत नहीं, अपने पूर्वजों की संपत्ति की बदौलत अमीर बन रहे हैं. शहरों में जिन लोगों के पास किन्हीं कारणों से ज़मीनें हैं, वो भी इसी तरह अमीर बनते जा रहे हैं.

Wednesday, 12 August 2020

अन्तराष्ट्रीय युवा दिवस पर स्वर्ण भारत ने दिया आत्मनिभर युवा आत्मनिर्भर भारत का नारा


स्वर्ण भारत परिवार ने पुनः यूथ स्वयं सहायता समूह बनाने पर जोर दिया, जिससे जुड़ कर आत्मनिर्भर बन सकते हैं, स्वर्ण भारत के युवा बदलेंगे विश्व की तस्वीर अंतरराष्ट्रीय युवा दिवस एक मौका है युवाओं की आवाज, कार्यों और उनकी सार्थक पहल को विश्वस्तर पर पहचान दिलाने का। हर साल की तरह इस बार भी 12 अगस्त को इसे दुनियाभर में मनाया जाएगा। हालांकि कोरोना के खतरे को देखते हुए इस बार के कार्यक्रम ऑनलाइन माध्यम से किए जाएंगे। संयुक्त राष्ट्र द्वारा इस दिन पॉडकास्ट-शैली से चर्चाएं होंगी, इसमें विभिन्न क्षेत्रों के युवा शामिल होंगे और सामाजिक, राजनीतिक और आर्थिक मुद्दों पर अपनी बात रखेंगे।

अंतरराष्ट्रीय युवा दिवस का उद्देश्य
इस दिवस का मुख्य उद्देश्य है सामाजिक, आर्थिक और राजनीती के मुद्दों पर युवाओं की भागीदारी और उनकी भूमिका पर चर्चा करना।  

अंतरराष्ट्रीय युवा दिवस 2020 का थीम
हर साल की तरह इस बार भी संयुक्त राष्ट्र महासभा ने अंतरराष्ट्रीय युवा दिवस के पर एक थीम चुनी है। इस बार की थीम है, 'वैश्विक कार्य के लिए युवाओं की भागीदारी' (Youth Engagement for Global Action), थीम का उद्देश्य है स्थानीय, राष्ट्रीय और वैश्विक स्तर पर युवाओं की भागीदारी के तरीकों को उजागर करने के लिए राष्ट्रीय और बहुपक्षीय संस्थानों और प्रक्रियाओं को समृद्ध करने के साथ-साथ औपचारिक संस्थागत राजनीति में उनके प्रतिनिधित्व और भागीदारी को बढ़ावा देना।


अंतरराष्ट्रीय युवा दिवस कब से और क्यों मनाया जाता है
संयुक्त राष्ट्र महासभा द्वारा 17 दिसंबर 1999 को यह फैसला लिया गया कि 12 अगस्त को अंतरराष्ट्रीय युवा दिवस मनाया जाएगा। यह फैसला युवाओं के लिए जिम्मेदार मंत्रियों के विश्व सम्मेलन द्वारा 1998 में दिए गए सुझाव के बाद लिया गया। अंतरराष्ट्रीय युवा दिवस का आयोजन पहली बार साल 2000 में किया गया था। संयुक्त राष्ट्र संघ ने 1985 में अंतरराष्ट्रीय युवा वर्ष घोषित किया गया था।

Friday, 19 June 2020

ऑस्ट्रेलियन एवेन्यूज द्वारा पीयूष पण्डित को हुमिनिटेरियन सम्मान हेतु किया गया नामित


स्वर्ण भारत की सेवानीति को ऑस्ट्रेलियन न्यूज एजेंसी एवेन्यूज ग्रुप द्वारा सम्मानित होने का पत्र प्राप्त हुआ स्वर्ण भारत प्रवक्ता संतोष पांडेय ने मीडिया को जानकारी देते हुए कहा यह सम्मान स्वर्ण भारत परिवार के सभी सदस्यों को समर्पित है। यहां बता दें पीयूष पंडित स्वर्ण भारत परिवार और पीयूष ग्रुप के संस्थापक हैं। वह कई सालों से सोशल एक्टिविस्ट के रूप में काम कर रहे हैं। वह एक ईमानदार व्यक्ति है जो एक सूक्ष्म दिमाग और शुद्ध दिल के साथ संवेदनशील और सशक्त है।

उनका मकसद हमेशा लोगों की भलाई के लिए समर्थन और काम करना रहा है। उनकी संस्थाएं लोगों को जरूरतमंद लोगों की मदद करने के लिए प्रेरित करती हैं। वह समाज के विकास और बेहतरी के लिए सक्रिय रूप से काम कर रहे हैं।
अपने सामाजिक कार्यों के लिए, उन्होंने एक एनजीओ भी स्थापित किया है, जिसने अपनी सेवाओं को जनता के लिए परिश्रम से प्रदान किया है। उन्हें मान्यता मिली है और उसी के लिए विभिन्न पुरस्कारों से सम्मानित किया गया है।
इसके अलावा, वह एक सफल उद्यमी और नेक्स्टजेन स्पीकर भी हैं।
उन्होंने राजनीति विज्ञान में अपनी स्नातक की डिग्री हासिल की है और सामाजिक कार्य में स्नातकोत्तर भी किया है।व्यवसायिक शिक्षा में अन्तराष्ट्रीय व्यवसाय में मास्टर हैं।
जितना अधिक हम दूसरों को खुश करेंगे, उतना ही हमारा अपना सुख होगा और हमारी मानवता की सेवा करने की हमारी भावना उतनी ही गहरी होगी। यह पीयूष के जीवन का आदर्श वाक्य रहा है।
पीयूष एक भावुक लेखक भी हैं और उन्होंने राजनीतिक मुद्दों, रोमांस और रहस्य सहित कई शैलियों पर कई किताबें लिखी हैं। उनके बहुमुखी व्यक्तित्व और रचनात्मक कार्य उनके कार्य और लेखन से स्पष्ट रूप से स्पष्ट हैं। उन्होंने मध्य विद्यालय में होने के बाद से अपने विचारों को कलमबद्ध करने के लिए एक झुकाव विकसित किया था और अब तक वह विभिन्न प्रमुख मुद्दों पर कई किताबें लिखने में कामयाब रहे हैं जो एक भविष्यवक्ता बन गए हैं।
पूरी तरह से एक गतिशील व्यक्तित्व, पीयूष विचारों का एक आदमी है और अपनी किताबों में उन सभी को शामिल करने की क्षमता है जो पाठकों पर एक अमिट छाप डालना चाहते हैं।और आज एक अन्तराष्ट्रीय लेखक व शोशल एक्टिविस्ट के रूप में जाने जाते हैं हाल ही में उनकी बुक द इन लॉक डाउन अन्तराष्ट्रीय स्तर पर सराही जा रही है।सेवानीति, स्वर्ण भारत लव इन लॉक डाउन, ई विलेज , संप्रभु, आँचल, व कई सारे सोशल रिसर्च पेपर  प्रकाशित हो चुके हैं ।यूथ डेवलपमेंट प्रोग्राम,माइल्स अहेड ,गौ ग्राम, नेशनल एम्प्लॉयमेंट रजिस्टर, आत्मनिर्भर युवा,जैसे तमाम प्रोजेक्ट अक्सर चर्चा के विषय में रहा है।

Sunday, 14 June 2020

स्वर्ण भारत की रक्तदान करने के लिए संगोश्ठी का आयोजन, युवा बढ़ चढ़ कर लें रक्तदान में रुचि : पीयूष पण्डित

स्वर्ण भारत की रक्तदान करने के लिए संगोश्ठी का आयोजन, युवा बढ़ चढ़ कर लें रक्तदान में रुचि : पीयूष पण्डित

ई विलेज कुंडा: स्वर्ण भारत परिवार राष्ट्रीय कार्यालय में आज रक्तदान जागरूकता हेतुं संगोश्ठी आयोजित की गई सरकारी व गैर सरकारी संस्थानों को स्वर्ण भारत परिवार द्वारा रक्तदान किए जाने पर जोर दिया गया । इस मौके पर कार्यक्रम प्रभारी व जिला अध्यक्ष प्रतापगढ़ नीलेश शुक्ल ने कहा कि World Blood Donor Day 2020: हर साल 14 जून को दुनियाभर में विश्व रक्तदान दिवस के रूप में मनाया जाता है। इस दिन को मनाने के पीछे उद्देश्य रक्तदान को बढ़ावा देना है। 14 जून यानी विश्व रक्तदाता दिवस के  दिन रक्तदान करने के लिए लोगों के लिए कई जगह कैंप भी लगाए जाते हैं। विश्व रक्तदान दिवस सबसे पहली बार साल 2004 में मनाया गया था।

इस दिन को मनाने की शुरुआत सबसे पहले वर्ल्ड हेल्थ ऑर्गनाइज़ेशन (World Health Organization) ने की थी। इस वर्ष विश्व रक्त दाता दिवस 2020 की थीम *सुरक्षि‍त रक्त, बचाए जीवन* ', *सेफ ब्लड सेव्स लाइव्स* (Safe blood saves lives)रखी गई है। स्वर्ण भारत परिवार के मुखिया सहित हज़ारों कार्यकर्ता वर्ष में कम से कम 4 बार रक्तदान करते हैं और कई सारे कैम्प स्वर्ण भारत के सहयोग से लगाये जाते हैं ।

Sunday, 7 June 2020

जीवन अमूल्य है इसे सार्थक बनाएं औरों को समर्पित करें

Make the best of where you are... Accept the situation you find yourself in and use it as a foundation on which you can build the life with the people you cherish. Value each moment of your life, appreciate it as a precious gift .Learn to be happy with what you already have, instead of making your happiness dependent on external influences, such as wealth and material things. Have compassion for others and see if you can give something back, by creating a value for others. Allow your creativity to flow, see where it leads you and never allow excuses to stand between you and the life you aspire☝️.

आप जहां हैं, वहां सबसे अच्छा बनाएं ... उस स्थिति को स्वीकार करें जिसे आप खुद में पाते हैं और इसे एक नींव के रूप में उपयोग करके आप उन लोगों के साथ जीवन का निर्माण कर सकते हैं जिन्हें आप संजोते हैं। 

अपने जीवन के प्रत्येक क्षण को महत्व दें, इसे एक अनमोल तोहफे के रूप में सराहें। अपने खुशियों को बाहरी प्रभावों, जैसे कि धन और भौतिक चीजों पर निर्भर बनाने के बजाय, जो आपके पास पहले से है, उससे खुश रहें। दूसरों के लिए करुणा रखें और देखें कि क्या आप कुछ वापस दे सकते हैं, दूसरों के लिए खुशियां बनाकर। 

अपनी रचनात्मकता को बहने दें, यह देखें कि यह आपको कहां ले जाता है और कभी भी आप और आपके जीवन के आकांक्षा के बीच बहाने की अनुमति नहीं देता है।